जैसे कि सभी कयास लगा रहे थे, भारतीय चयनकर्ताओं ने चौथे और पांचवे टेस्ट के लिए टीम चुनने के लिए कोई बड़ा बदलाव नहीं किया. गौरतलब है कि मुरली विजय को बाहर करके पृथ्वी शा और हनुमा विहारी को टीम में लिया गया
2018 में काफी बुरे प्रदर्शन के बाद विजय का बाहर जाना तो लगभग तय था, परंतु पृथ्वी शा को मयंक अग्रवाल की जगह टीम में शामिल किया जाना काफी शॉकिंग था.

पृथ्वी शा और मयंक अग्रवाल दोनों ने ही घरेलू क्रिकेट में जादू ज्यादा रन बनाए और मयंक अग्रवाल ने रणजी प्रतियोगिता में अधिकतम रन बनाए थे. गौरतलब है कि चयनकर्ताओं ने अंडर 19 विश्वकप विजेता कप्तान पृथ्वी शा को तवज्जो दी और उन्हे चुना गया. उन्होने अपनी पिछली बारह पारियों में कुल 4 शतक लगाएं हैं.

मुरली विजय को टेस्ट क्रिकेट में भारत का सबसे अच्छा सलामी बल्लेबाज माना जा रहा था पर उन्होने 2018 में बिल्कुल भी अच्छी प्रदर्शन नहीं किया. इस कारण 34 वर्षीय तमिलनाडु के बल्लेबाज को टीम से बाहर होना पड़ा.
चयन कर्ताओं ने हनुमा विहारी को टीम में जगह दी. गौरतलब है कि वे 59.79 की औसत से, सबसे ज्यादा औसत वाले भारतीय बल्लेबाज हैं. विहारी ने भी घरेलू क्रिकेट में बड़े बड़े स्कोर किए हैं और भारत ए की ओर से सबसे अधिक रन बनाए हैं.

कुलदीप यादव जो दूसरे टेस्ट मैच में प्रदर्शन करने में नाकामयाब थे उन्हे टीम से बाहर कर दिया गया है. यह काफी कड़ा फैसला है कि क्यूंकि स्पिनर को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए केवल एक ही पारी का समय मिला था. टीम मैनेजमेंट रविचंद्रन अश्विन और रवींद्र जडेजा की मौजूदगी से संतुष्ट है.

इन बदलावों के अलावा टीम में कोई बदलाव नहीं है. भुवनेश्वर कुमार की चोट के कारण वे बाहर हैं और दिनेश कार्तिक ने पहले दो मुकाबलों में खराब प्रदर्शन करके भी टीम में जगह बना रखी है. करूंन नायर और शार्दुल ठाकुर को अब तक खिलाया नहीं गया है पर वे टीम में शामिल हैं.