AUS VS IND: जीत के करीब टीम इंडिया, मगर क्यों विराट सेना से नाखुश है संजय बांगर?

By Tripti Sharma

चौथे दिन के टेस्ट मैच में भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया में मेजबान टीम को 104 पर सिमटा दिया और 4 विकेट हासिल कर 219 रनों के लक्ष्य को विरोधी टीम के सामने खड़ा कर दिया. लेकिन इसके बावजूद भी भारतीय टीम के कोच संजय बांगड़ पूरी तरह टीम से खुश नहीं हैं उनका कहना हैं निचले क्रम से 25 और रन बनाने की उम्मीद थी.

बल्लेबाजी कोच संजय बांगड़ के अनुसार

भारतीय टीम के बल्लेबाजी कोच संजय बांगड़ का मानना है कि टीम इंडिया के निचले बल्लेबाजी क्रम में सुधार की जरूरत है. एडिलेड ओवल में चल रहे पहले टेस्ट के चौथे दिन भारत के आखिरी पांच विकेट पर  25 रन और दूसरी पारी में 307 रन पर सिमट गई. बांगड़ ने कहा कि उन्हें निचले क्रम ने  काफी निराश किया हैं .

बांगड़ ने कहा, ‘‘हमें कम से कम 25 और रन की उम्मीद थी. ये ऐसा विभाग हैं, जिसमें हम लगातार सुधार की कोशिश कर रहे हैं. उम्मीद करते हैं कि निचला क्रम खासकर नौवें, 10वें और 11वें नंबर के बल्लेबाज आज की तुलना में बेहतर जज्बा दिखाएंगे”

उन्होंने आगे कहा, ‘‘ऋषभ पंत जब बल्लेबाजी के लिए आया तो हमारा स्कोर 260 रन के आस पास था. उसने तुरंत दबाव कम किया और तेजी से 30-35 रन बनाए.  एक बार उसके हमें इस स्थिति में लाने के बाद, हमें उम्मीद  थी कि वो बेहतर रुख और रणनीति के साथ खेलेगा.  लेकिन आप उसके अंदर की निडरता को नजरअंदाज नहीं करना चाहोगे. टर्न लेती गेंद के खिलाफ उस तरह की बाउंड्री बेहतरीन शॉट थे, वो ऐसे शाट थे जो साहसी खिलाड़ी खेलते हैं.”

पुजारा और रहाणे का प्रदर्शन तारीफ- ए- काबिल

बांगड़ ने कहा मुझे ख़ुशी हैं कि चेतेश्वर पुजारा और अजिंक्य रहाणे ने सीरीज की काफी अच्छी शुरुआत की जबकि इससे पहले उन्होंने दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड में काफी मुश्किल हालात में बल्लेबाजी की.

रहाणे पिछले दौरों पर अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे और वो एक बार फिर बड़ा शतक जड़ने के करीब हैं.

उन्होंने कहा, ‘‘हम आम तौर पर ये बल्लेबाज पर छोड़ देते हैं कि वो नाइट वाचमैन चाहता है या नहीं. वो मैदान पर उतरने के लिए बेताब था (दूसरी पारी में तीसरे दिन के अंत में अजिंक्य रहाणे) और क्रीज पर जाना चाहता था. जहां तक उसकी फार्म का सवाल है उसने वेस्टइंडीज के खिलाफ और इंग्लैंड में तीसरे, चौथे और पांचवें टेस्ट में रन बनाए. बस शतक उससे दूर रहा.”

जीत के करीब है टीम इंडिया

कोच ने कहा, ‘‘लोगों को समझना होगा कि उन मैचों में गलती की गुंजाइश काफी कम थी. केपटाउन से लेकर ओवल तक हार का अंतर काफी कम था. हमने स्वयं को मजबूत स्थिति में रखा. दुर्भाग्य से हम मैच को अंजाम तक नहीं पहुंचा पाए लेकिन एक टीम के रूप में हमें लगता है कि हम काफी प्रतिस्पर्धी थे.अब हमें जीत की रेखा पार करनी होगी’’

अंत में उन्होंने कहा “ऑस्ट्रेलिया का अटैक स्तर काफी अच्छा हैं. हमें शुरुआत से बेहतर पारी खेलने की जरूरत है. इसलिए सलामी बल्लेबाजों को बड़ी भूमिका निभानी होगी.”

Tripti Sharma

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked*